साइबर पुलिस ने दो अलग-अलग ठगी के मामलों में दो आरोपियों को किया गिरफ्तार
City24News/अनिल मोहनिया
नूंह | नूंह जिले की साइबर थाना पुलिस ने साइबर अपराधों पर लगाम कसने के लिए विशेष अभियान चलाया हुआ है। इसी कड़ी में पुलिस ने दो अलग-अलग साइबर ठगी के मामलों में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। इन मामलों में आरोपी लोगों को पुलिस या उच्च अधिकारी होने का झांसा देकर ठगते थे और फर्जी नंबरों के जरिए ऑनलाइन पैसे ऐंठते थे।
पुलिस लगातार साइबर अपराधियों पर नजर रखे हुए है और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि पहले के एक मामले में आरोपी मुजम्मील पुत्र स्वर्गीय रासिद निवासी ढेंकली चौकी जयसिंहपुर थाना सदर नूंह को गिरफ्तार किया गया। यह मामला पुलिस के नाम पर ठगी से जुड़ा है।
शिकायतकर्ता मोहम्मद आबिद के अनुसार बीते साल 27 सितंबर को गांव में पुलिस रेड के बाद उन्हें एक कॉल आई, जिसमें फोन करने वाले ने खुद को एसपी नूंह का रीडर बताया और बेकसूर लोगों को छोड़ने के नाम पर 30 हजार रुपये मांगे। जांच में मोबाइल नंबरों की सीडीआर और बैंक ट्रांजेक्शन से आरोपी मुजम्मील का लिंक मिला। उसके पास से दो मोबाइल फोन सहित चार सिम बरामद हुईं।
आरोपी ने अपराध स्वीकार किया है। जिसे अदालत में पेश कर 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
जबकि दूसरे मामले में साइबर पोर्टल पर संदिग्ध मोबाइल नंबर की लोकेशन ट्रैक करने पर नूंह रोड के पास मिली। इसमें आरोपी शकील अहमद निवासी कोटला थाना अकेड़ा, जिला नूंह को गिरफ्तार किया गया।
आरोपी के पास से दो मोबाइल फोन बरामद हुए, जिनमें दो फर्जी सिम लगी थीं। फोन में नटराज पेंसिल कंपनी के नाम पर जॉब दिलाने का झांसा देकर ठगी के चैट, फर्जी आईडी, आधार-पैन कार्ड की तस्वीरें और ट्रांजेक्शन स्क्रीनशॉट मिले। आरोपी ने साइबर फ्रॉड में इनका इस्तेमाल करने की बात कबूल की है।
साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। दोनों मामलों में आगे की जांच चल रही है, जिसमें अन्य सह-आरोपियों की तलाश और बाकी तकनीकी साक्ष्यों को जुटाया जा रहा है। आमजन से अपील है कि किसी भी संदिग्ध कॉल या मैसेज पर पैसे न ट्रांसफर करें और तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
