SB-89 योजना के तहत अनुसूचित जाति के किसानों को ट्रैक्टर पर 50 प्रतिशत अनुदान, आवेदन की अंतिम तिथि 15 जनवरी
City24News/अनिल मोहनिया
नूंह | कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, हरियाणा द्वारा अनुसूचित जाति के किसानों को SB-89 योजना के अंतर्गत ट्रैक्टर खरीद पर 50 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध करवाया जा रहा है। इस योजना के तहत 45 हॉर्स पावर या उससे अधिक क्षमता के ट्रैक्टर पर कीमत का 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 3,00,000 रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इच्छुक अनुसूचित जाति के किसान 15 जनवरी 2026 तक विभाग की वेबसाइट www.agriharyana.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यह आवेदन करने की अंतिम तिथि है।
उप निदेशक, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, नूंह डॉ. विरेंद्र देव आर्य ने बताया कि सरकार द्वारा यह महत्वपूर्ण कदम अनुसूचित जाति के किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया गया है, ताकि वे उन योजनाओं का लाभ उठा सकें जिनमें किसान के पास स्वयं का ट्रैक्टर होना अनिवार्य होता है।
उन्होंने बताया कि आवेदन करने वाले किसान का ‘मेरी फसल–मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर पंजीकरण, कृषि भूमि का स्वामित्व (फैमिली आईडी के अंतर्गत परिवार के किसी भी सदस्य के नाम पर भूमि मान्य) होना अनिवार्य है। लाभार्थी हरियाणा राज्य का निवासी तथा अनुसूचित जाति (SC) श्रेणी से संबंधित होना चाहिए। इसके अतिरिक्त, लाभार्थी ने पिछले पांच वर्षों के दौरान विभाग की किसी भी योजना के अंतर्गत ट्रैक्टर पर अनुदान का लाभ न लिया हो।
उन्होंने बताया कि यदि लक्ष्य से अधिक आवेदन प्राप्त होते हैं, तो लाभार्थियों का चयन उपायुक्त नूंह की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय कार्यकारी समिति द्वारा ड्रा के माध्यम से किया जाएगा। चयनित किसानों को ऑनलाइन अनुदान पात्रता प्रमाण पत्र (SEC) जारी किया जाएगा।
चयनित किसान विभाग द्वारा अनुमोदित ट्रैक्टर निर्माताओं में से अपनी पसंद का ट्रैक्टर खरीदकर, उसका बिल एवं अन्य आवश्यक दस्तावेज 15 दिन के भीतर सहायक कृषि अभियन्ता, नूंह कार्यालय में जमा करवाएंगे। ट्रैक्टरों का भौतिक सत्यापन जिला स्तरीय कार्यकारी समिति द्वारा किया जाएगा तथा इसके उपरांत अनुदान राशि सीधे लाभार्थी किसान के बैंक खाते में जमा कर दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत अनुदान प्राप्त करने वाले किसान अगले पांच वर्षों तक ट्रैक्टर को बेच नहीं सकेंगे। इसके लिए लाभार्थी किसान को सहायक कृषि अभियन्ता, नूंह कार्यालय में शपथ पत्र देना होगा। यदि कोई किसान पांच वर्ष से पहले ट्रैक्टर बेचता है, तो उसे ब्याज सहित अनुदान राशि विभाग को लौटानी होगी।
अधिक जानकारी के लिए किसान उप कृषि निदेशक अथवा सहायक कृषि अभियन्ता, नूंह कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
